DM से की शिकायत तो खगड़िया DPRO ने पत्रकार को दी जान मारने की धमकी

Share Button

पटना। सैंया भये कोतवाल तो डर काहे का। जीं हां, कुछ इसी तरह के अंदाज में सुशाशन बाबू की सरकार में अफसर गिरी चल रही है। कभी सूबे में अपराधियों द्वारा पत्रकारों को गोलियों से नवाजा जा रहा है तो कहीं सरकारी कार्यालयों में पत्रकारों को प्रवेश नहीं करने का फरमान जारी हो रहा है लेकिन इतना सब होने के बाबजूद भी पत्रकारों के उपर हमले या उनको खबर से रोकने की कोशिश लगातार जारी है।

कुछ इसी अदा में डीएम से अपनी शिकायत को लेकर बौखलाये खगड़िया के डीपीआरओ ने सोनभद्र एक्सप्रेस के ब्यूरो चीफ अभिजीत सिन्हा के साथ न सिर्फ सिर्फ गाली गलौज किया गया बल्कि अभद्र शब्दों का प्रयोग करते हुये उन्हें जान से मारने की चेतावनी के साथ झूठे पुलिस मामले में फंसाने की धमकी भी दी गई।

गौरतलब है कि खगड़िया के डीपीआरओ (जिला सूचना जनसंपर्क अधिकारी) कमल सिंह ने 18 दिसंबर से सोनभद्र एक्सप्रेस को सरकारी बैठकों एवं अन्य अधिकारियों की बैठक की खबर सोनभद्र एक्सप्रेस को अपनी नीजी द्वेष के कारण भेजने की मनाही कर दी।

जब इस मामले दैनिक सोनभद्र अखबार ने 21 दिसंबर को जन संपर्क कार्यालय जाकर जानना चाहा कि उनकी अखबार को ईमेल द्वारा खबर भेजना क्यों बंद कर दिया गया है तो वहीं मौजूद कर्मियों ने बताया कि डीपीआरओ ने कोई भी सूचना सोनभद्र एक्सप्रेस को भेजने से मना किया है। सोनभद्र एक्सप्रेस के द्वारा इसकी लिखित शिकायत खगड़िया के डीएम से कर दी गई। इससे डीपीआरओ बौखला गये।

इस मामले को लेकर स्थानीय चित्रगुप्त नगर थाना में अखबार के ब्यूरो प्रमुख के द्वारा आवेदन देकर अपनी जान की रक्षा की गुहार तथा डीपीआरओ के द्वारा किये गये अभद्र व्यवहार की शिकायर दर्ज कराई गई है। जिसमें यह भी अंदेश जताई गई है कि अधिकारिक दबाव में कहीं उनको उल्टा किसी  फर्जी मुकदमें में फंसान की साजिश न रची जाये।

उल्लेखनीय है कि एक तरफ बिहार सूबे के पत्रकार लगातार अपराधियों के शिकार हो रहे हैं वहीं दूसरी तरफ अफसरशाही की मार भी उनको झेलनी पड़ रही है।

जबकि सरकारी बैठकों एवं जनमानस से जुड़े खबर मीडिया के द्वार हमेशा जनता के बीच भेजा जाता रहा है ताकि जनता को राज्य सरकार के द्वारा किये जा रहे विकास कार्य की जानकारी एवं उनको मिलने वाले लाभों जानकारी सुसमय मिलती रहे।

Share Button

Related Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.