झारखंड जल संसाधन विभाग का जालसाज

किसी भी व्यक्ति का नाम, पिता का नाम एवं जन्मतिथि में अंतिम दो चीजें पिता का नाम और जन्म तिथि हमेशा के लिये अपरिवर्तनीय है और यही उस व्यक्ति की मूल पहचान होती है। योग्यतायें , पदनाम आदि अतिरिक्त पहचान की श्रेणी में आती है। लेकिन झारखंड जल संसाधन विभाग में विधि समन्वयक (यांत्रिक अभियंता) मुचि राम कोयरी उर्फ मुनि राम कोइरी उर्फ मुनिराम प्रसाद की जालसाजी के आगे कोई मायने नहीं रखती। पिछले 30 वर्षों के ( कु)सेवा काल में इस शख्स ने खुद को जिस तरह से प्रस्तुत किया है, वह किसी नटवरलाल के कारनामे से कम नहीं है […]

Read more

बिजली के इस बड़े चोर के खिलाफ क्या हुई ठोस कार्रवाई

झारखंड राज्य बिजली बोर्ड की सबसे बड़ी समस्या बड़े चोरों की है। यहां कई बड़े-बड़े उद्योगपति व्यापक पैमाने पर बिजली चोरी करते आ रहे हैं। ऐसी बात नहीं है कि बिजली विभाग के अधिकारी-कर्मचारी गंभीर नहीं होते। वे यदा-कदा गंभीर होते भी हैं तो उन पर सरकार स्तर पर भी कोई कार्रवाई नहीं हो पाती है और येन-केन-प्रक्ररेण मामले को दबा दी जाती है। यदि घोर बदहाली झेल रहे झारखंड के उपर से मलवे हटाये जाये तो बिजली के कई बड़े चोर यू हीं बेनकाब हो जायेगें।  फिलहाल, झारखंड में ऐसे ही बिजली के एक बड़े चोर कंपनी का नाम उभर […]

Read more

मरांडी जी ने किया था 50 करोड़ रु. माफ

उषा मार्टिन ग्रुप का झारखंड की सत्ता पर पकड़ काफी मजबूत रही है। अलग राज्य के बाद तो इस कंपनी की तूती बोलने लगी। यहां शायद ही कोई ऐसा नेता चाहे वह पक्ष हो या विपक्ष, इसके लूट के खिलाफ एक शब्द भी बोलने की हिमाकत करे। अगर किसी ने उसके खिलाफ जाने की जरा सा भी जुर्रत किया तो इस कंपनी ने उसकी ऐसी की तैसी कर डालने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ी है। क्योंकि इस कंपनी के हाथ में है झारखंड, पश्चिम बंगाल और बिहार का एक मीडिया हाउस। कहा जा सकता है कि मूलतः खनिज संपदा की […]

Read more

बिहार सूचना जनसंपर्क विभाग की लूट का नया तरीका

बिहार सरकार सूचना एवं जनसंपर्क विभाग जनता की गाढ़ी कमाई को किस प्रकार लुटा रही है, इसकी एक ताजा वानगी ८ नवम्बर २०१२ को दैनिक हिंदुस्तान के पटना संस्करण के पेज सं-१४ पर बिहार सरकार के शिक्षा बिभाग  के छपे विज्ञापन  से देखा जा  सकता है।                                                                            सूचना  एवं जनसंपर्क  विभाग, पटना के जारी आई  पी आर  डी -९९१५-एस [एजुकेशन] १२-१३ बिहार सरकार के शिक्षा बिभाग के प्रधान  सचिव अमरजीत सिन्हा के विभागीय पत्रांक -१२४७/दिनांक ११-१०-२०१२ द्वारा राज्य सरकार के सभी स्कूलों [निजी स्कूल सहित ]  को साल  में एक दिन ७ नवम्बर [कैंसर जागरूकता दिबस ]को शपथ दिवस मानाने  के सम्बन्ध  […]

Read more

सीएम-स्पीकर के हाथ में जेपीआरडी की महालूट की बानगी

प्रवेशांक के लोकार्पण के दौरान भी नहीं खुली आंखें कि  प्रकाशन पूर्व कैसे मिलते हैं सरकारी विज्ञापनः झारखंड सरकार के सूचना एवं जन-संपर्क विभाग में महालूट का आलम क्या है? इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि इसकी ताजा बानगी सीएम अर्जुन मुंडा से लेकर  विधानसभा के अध्यक्ष सीपी सिंह तक के हथेली में पहुंचने के बाबजूद कहीं कोई जूं नहीं रेंगती है। इसका सीधा अर्थ यह निकाला जा सकता है कि राज्य के मुखिया तक विभाग और मीडिया के नाजायज गठजोड़ के पचड़े में पड़ने का जोखिम उठाना नहीं चाहते या फिर वे विज्ञापन नियमावली से अनभिज्ञ हैं। […]

Read more

झारखंड सूचना जन संपर्क विभाग में लूट का नया खेल

उर्दु अखबार के पहले अंक में ही दिया 15 अगस्त का एक फूल पेज विज्ञापनः इन दिनों झारखंड सरकार के सूचना एवं जन-संपर्क विभाग में लूट का आलम बढ़ गया है। एक लंबे समय तक पद खाली रहने के बाद जब एक सीसीएलकर्मी  को निदेशक बनाया गया तो उम्मीद बनी थी कि इस विभाग के दिन बहुरेगें और सरकारी विज्ञापनादि में जो गोरखधंधा चल रहे हैं,वे बंद भले ही न हो, उसमें कमी जरुर आयेगी। दुर्भाग्य कि फिलहाल यहां ऐसा कुछ नजर नहीं आ रहा है और भ्रष्टाचार का पानी सिर से उपर बहने लगा है। कहने को तो इस विभाग […]

Read more

सीएम-गवर्नर को गाली देता है गुरुजी का पीए

 आज झारखंड मुक्ति मोर्चा के सुप्रीमों शिबू सोरेन की गिरती  हालत के सामने उनके पीए विवेक के रसुख का क्या आलम है। यदि आपको इसका आंकलन करना है तो शिबू सोरेन उर्फ गुरुजी के मोहराबादी स्थित सरकारी आवास चले जाइये। विवेक शुरुआती दौर में गुरुजी के बड़े पुत्र स्व. दुर्गा सोरेन का ड्राइवर था। उसके बाद छोटे पुत्र हेमंत सोरेन ( अब वर्तमान उप मुख्यमंत्री) का ड्राइवर बन गया। उसके बाद गुरुजी की शरण में चला आया। फिर क्या था गुरुजी जी की सत्ता की चाशनी लदबद होकर झारखंड विधान सभा में नौकरी पा ली। अब न जाने गुरुजी के परिवार […]

Read more

सावधान! फर्जी है ‘आपका सीएम.कॉम’

झारखंड में कायदा-कानून नाम की कोई चीज नहीं बची है। हालत यह है कि सत्ताशीर्ष पर बैठे लोग ही इसकी धज्जियां उड़ा रहे हैं। जहां एक ओर भाजपानीत अर्जुन मुंडा सरकार के संचालन समिति के अध्यक्ष एवं झामुमो सुप्रीमों शिबू सोरेन नगड़ी में रांची हाई कोर्ट के फैसले के विरुद्ध जाकर अधिग्रहित जमीन पर ग्रामीणों से हल चलाने का फरमान जारी कर डालते हैं , वहीं करोड़ों रुपये के सरकारी खर्च व दुरुपयोग के साथ ही सरकारी संरक्षण में नीजि हाथों द्वारा सीएम अर्जुन मुंडा का www.aapkacm.com  का फर्जी संचालन जारी है। इस मुद्दे को राजनामा.कॉम ने सप्रमाण करीब चार माह […]

Read more

अविश्वास और उत्पीड़न का पर्याय है झारखंड पुलिस

जब किसी भी सिस्टम का फिल्टर खराब हो जाये, तब अविश्वास और उत्पीड़न जन्म लेता है। आज हम बात करते हैं पुलिस फिल्टर सिस्टम की। इसमें कोई शक नहीं कि पुलिस नेताओं खास कर सत्ता पर कुंडली मार कर बैठे व्यूरोकेट्स के इशारे पर नाचती है। एक आम आदमी के दुःख-दर्द और उसकी सच्चाई कोई मायने नहीं रखती। एक चौकीदार-कांस्टेवल से लेकर पुलिस सिस्टम का हर महकमा अधिक से अधिक काली कमाई करने पर उतारु है। हम यह नहीं कहते कि इस सिस्टम से जुड़े हर लोग निकम्मे और भ्रष्ट हैं। लेकिन इतना तो सत्य है कि इस सिस्टम में अगर […]

Read more

बिना निबंधन निकल रहा सरकार का ‘झारखंड बढ़ते कदम’

झारखंड सरकार के सूचना एंव जन संपर्क विभाग की मासिक पत्रिका ” झारखंड बढ़ते कदम…. ” वर्ष 2004 से  बिना निबंधन के निकल रहा है। उसके हालिया अंक के अनुसार इस नियमित पत्रिका के संरक्षकः अर्जुन मुंडा, मुख्यमंत्री झारखंड). प्रधान संपादकः डी.के.तिवारी (भा.प्र.से.), प्रधान सचिव, सूचना एवं जन संपर्क विभाग. संपादकः शालिनी वर्मा, उप निदेशक, मुख्यमंत्री सचिवालय, जन संपर्क ईकाई. प्रकाशकः सूचना एवं जन संपर्क विभाग, मुख्यमंत्री सचिवालय, जन संपर्क ईकाई. परिकल्पना, अलंकरण एवं मुद्रणः सेतु प्रिंटर, न्यू एरिया, मोरहाबादी, रांची, झारखंड हैं। सेतु प्रिंटर के प्रोपराइटर के अनुसार बर्ष 2004 से प्रकाशित इस अनिबंधित मासिक पत्र की अभी 8,000 प्रतियां […]

Read more

मुंडा राज में भी हुई उषा मार्टिन की जमकर खातिरदारी

आज झारखंड राज्य की जो बिगड़ी तस्वीर है , उसकी नींव राज्य बंटबारा के बाद प्रथम भाजपाई मुख्यमंत्री एवं वर्तमान झाविमो सुप्रीमों बाबूलाल मरांडी ने ही रख दी थी। सच भी है कि नींव जितनी मजबूत होगी, उस पर उतनी ही बुलंद इमारत खड़ा होगी। लेकिन मीडिया फ्रेम नेताओं ने तो शुरुआती दैर में ही उसकी नींव इतनी कमजोर रखी है कि आज उस पर एक मजबूत इमारत बनानी काफी कठिन प्रतीत हो रहा है।  मेरा स्पष्ट मानना है कि बतौर निर्दलीय विधायक प्रदेश के मुख्यमंत्री बने मधु कोड़ा के खिलाफ एक उच्चस्तरीय षडयंत्र रचा गया है और इसमें मूल रुप से […]

Read more
1 5 6 7