स्पेनिश अखबार ‘लॉ रेजां’ ने भारतीय मूल के सिख लेखक को यूं बना दिया आतंकी

Share Button

veerendraस्पेन के सबसे प्रतिष्ठित अखबार ‘लॉ रेजां’ ने कनाडा स्थित भारतीय मूल के एक सिख को पेरिस अटैक में शामिल आतंकी बता दिया। हालांकि, बाद में अखबार को जैसे ही इस गलती का पता चला तो उसने माफी मांग ली।

वीरेंदर जुबाल नाम का यह सिख एक लेखक और एक्टिविस्टा है। भारतीय मूल के जुबाल कनाडा में रहते हैं और कभी पेरिस नहीं गए।

इसके बाद भी स्पेबन के सबसे प्रतिष्ठित अखबार ने फ्रंट पेज पर उनका फोटो छापा और पेरिस हमले में शामिल बताया।

दरअसल, ‘लॉ रेजां’ ने शनिवार को कनाडा के रहने वाले सिख वीरेंदर जुबाल की तस्वीर छापी।

इसमें कैप्शन दिया गया, ‘पेरिस के हमलावरों में शामिल एक आतंकी’। यह अखबार मैड्रिड से पब्लिश होता है।

अखबार ने आगे लिखा, ‘आतंकी तीन टीमें बनाकर फ्रांस में घुसे, जिनमें से एक सीरियन रिफ्यूजी के तौर पर तुर्की पहुंचा था। आतंकियों की उम्र 15 से 18 साल के बीच है।’

हैरानी की बात यह है कि वीरेंदर की तस्वीर के साथ छेड़छाड़ कर उसे छापा गया। तस्वीर में जुबाल के हाथ में कुरान दिखाई दे रही है और पीठ पर सुसाइड जैकेट बंधी हुई दिख रही है।

फोटो में कुरान और सुसाइड जैकेट को फोटोशॉप के जरिये डाला गया है।

आपको जानकर हैरानी होगी कि जुबाल के हाथ में आईपैड था, जिसे फोटोशॉप के जरिए कुरान बना दिया गया।

हालांकि, बाद में अखबार को समझ आ गया कि उसे गलत जानकारी मिली है और उसने माफी भी मांगी।

वीरेंदर जुबाल को आतंकी बताने वाली झूठी खबर को सोशल मीडिया पर वायरल हो गई थी। कई वेबसाइट्स ने भी इस खबर को पोस्ट किया।

वैसे जुबाल खुद सोशल मीडिया पर काफी सक्रिय हैं। टि्वटर पर उनके करीब 10,000 फॉलोअर्स हैं।

जैसे ही वीरेंदर की यह तस्वीर वायरल हुई तो उन्होने अपनी ओरिजिनल फोटो सोशल साइट्स पर डालीं।

जुबाल ने लिखा कि उनका पेरिस आतंकी हमलों से कुछ भी लेना-देना नहीं है।

उन्होंहने इस संबंध में एक अन्य ट्वीट में कहा, ‘फोटोशॉप इमेज के कारण मैं वायरल हो गया, इसमें मुझे आतंकवादी बताया जा रहा है।’

उन्होंने आगे लिखा, ‘मेरी यह तस्वीर स्पेन के एक बड़े अखबार में छपी है, जिसमें मुझे पेरिस हमले में शामिल आतंकी बताया गया है।’

वैसे स्पेनिश अखबार ने जुबाल से टि्वटर पर माफी मांग ली है, लेकिन उनसे संबंधित यह खबर इटली समेत कई यूरोपियन साइट्स पर अब भी चल रही है।

Share Button

Related Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.