भारतीय राजनीति में वंशवाद के टॉप10 नये पौध

Share Button

पूनम महाजन (33)-भाजपा-मुम्बई उत्तर-मध्य:  दिवंगत भाजपा नेता प्रमोद महाजन की पुत्री पूनम ने चुनाव में कांग्रेस के दिवंगत नेता सुनील दत्त की पुत्री प्रिया दत्त को हराया। पूनम विधानसभा चुनाव भी लड़ी थीं, लेकिन जीत नहीं सकीं। हालांकि संसदीय चुनाव में मोदी लहर के सहारे जीत मिल गई।

सुष्मिता देव (41)-कांग्रेस-सिलचर:  कांग्रेस नेता एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री संतोष मोहन देव की पुत्री ने भी चुनावी मैदान में उतरकर जीत हासिल की।

के.कविथा (35)-टीआरएस-निजामाबाद:  पृथक तेलांगना आंदोलन के जनक के. चन्द्रशेखर राव की पुत्री भी इस बार आपको संसद में दिखाई देंगी।

अभिषेक सिंह (33)-भाजपा-राजनंदगांव:  छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री रमन सिंह भी इस सीट से जीत चुके हैं, इस बार उनके पुत्र को टिकट मिला था।

दुष्यंत चौटाला (26)-आईएनएलडी-हिसार:  हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री ओमप्रकाश चौटाला के पौत्र सबसे कम उम्र के निर्वाचित सदस्यों में हैं।

चिराग पासवान (32)-लोजपा-जमुई:  लोजपा नेता रामविलास पासवान के पुत्र चिराग ने अपने पिता को चुनाव के ऎन पहले राजग गठबंधन में शामिल होने के लिए राजी किया और अपने पिता के साथ इस बार वो भी संसद में दिखाई देंगे। चिराग ने बॉलीवुड में भी हाथ आजमाया था।

प्रवेश वर्मा (36)-भाजपा-दिल्ली पश्चिम:   भाजपा के दिवंगत नेता साहिब सिंह वर्मा केपुत्र भी इस बार संसद में बहस करते दिखेंगे।

गौरव गोगोई (31)-कांग्रेस-कालीबोर:  असम के मुख्यमंत्री तरूण गोगोई के पुत्र भी 16वीं लोकसभा में पहुंचने में कामयाब रहे।

जयंत सिन्हा (50)-भाजपा- हजारीबाग:  पूर्व केन्द्रीय मंत्री यशवंत सिन्हा के पुत्र ने इस बार अपने पिता की जगह लड़कर जीत हासिल की।

राजवीर सिंह (59)-भाजपा-एटा:- कभी यूपी के राजनीति के दिग्गज रहे कल्याण सिंह के पुत्र राजवीर भी मोदी लहर के सहारे संसद का सफर तय करने में कामयाब रहे।

Share Button

Relate Newss:

नालंदा एसपी के कथनी और करनी में फर्क, हर तरफ चोरों की है बहार
हमारे रिपोर्टर वीरेंद्र मंडल की पत्नी की जान बचाने आगे आए मानसेवियों का आभार🙏
सावधान हो जाइए ऑपरेटिंग सिस्टम विंडोज XP वाले
राजस्थान के ‘दुर्ग’ को पटना SC-ST कोर्ट से यूं मिली बेल
नो टेंशन, राजगीर मलमास मेला एप्प है न
CBI DIG के इस नए खुलासे में केन्द्रीय मंत्री से लेकर अजीत डोवल तक फंसे
अस्मत की कीमत पर नहीं चाहिए तरक्की
BBC Hindi: निष्पक्ष पत्रकारिता के 75 वर्ष !
मांद में ही मात गये सांसद
इस तरह के भूल से क्यों नहीं बच पा रहा है दैनिक भास्कर   
‘दुर्ग’ केस में गंभीर हुये सीएम नीतीश, जोनल आईजी करेंगे विशेष जांच
वोफ्फर  :ई-कॉमर्स व्यापारियों की नयी सीढ़ी
बड़ा सेलीब्रेटी फीगर है ‘आसरा’ की संचालिका, कई ब्यूरोक्रेट्स-लीडरों का है संरक्षण
आभासी दौर और नारी अस्मिता की त्रासदी
एक वेश्यालय संचालक है गया नगर निगम का उप मेयर !

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Loading...
loading...