अनुमंडलीय आंचलिक पत्रकार संघ की बैठक में कई अहम बिंदुओं पर हुई गहन चर्चा

नालंदा दर्पण डेस्क। आज शुक्रवार को अनुमंडलीय आंचलिक पत्रकार संघ की बैठक नालंदा इंजीनियरिंग कॉलेज के पास एक पैलेस में हुई। जिसमें कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चर्चा हुई। जिसकी अध्यक्षता विनय भूषण पांडेय ने की।

साथ ही पत्रकारों के समक्ष वर्तमान चुनौती, संगठन को सबल करने, खबरों की प्रमाणिकता पर जोर देने तथा गिरती हुई पत्रकारिता के स्तर को सुधारते हुए आंचलिक पत्रकारों को पत्रकारिता का नज़ीर बनने पर जोर दिया गया।

हिलसा अनुमंडल के विभिन्न प्रखंडों-अंचलों से आए दर्जन भर पत्रकारों की बैठक की गई। पत्रकारों ने इस बात पर हर्ष व्यक्त किया कि आज पत्रकार एकता का मौका मिल रहा है।

पत्रकारों ने खुशी व्यक्त करते हुए कहा कि पत्रकारों में एकता की अलख जगनी चाहिए। यह पहला मौका था जब दर्जनों पत्रकार लॉकडाउन‌ के बाद बैठक में शामिल हो‌ रहें थे।

इस बैठक में शामिल पत्रकार जय प्रकाश नवीन ने कहा कि आज पत्रकारिता का दौर तेजी से बदल रहा है। पत्रकारों को कई चुनौतियों का सामना भी करना पड़ रहा है। फिर भी पत्रकार समाज मे अपनी विश्वसनीय छाप छोड़ रहा है। इसलिए पत्रकार को खबर पर अपनी विश्वसनीय बनाये रखने की जरूरत है।

सरफराज हुसैन ने कहा कि संघ के स्वरूप पत्रकार को कर्तव्य खबरों की प्रमाणिकता पर चर्चा करते हुए कहा कि आज के समय में पत्रकारों की जिम्मेदारिया बढ़ रही हैं। हर दिन एक नयी परिस्थिति आ रहा है।

उन्होंने कहा कि इस लिए इस परिस्थितियों की वजह से पत्रकारों के समक्ष आम लोगों के प्रति जिम्मेदारी बढ़ी है। अत: पत्रकार को जानकारियों का पर्याप्त आकलन कर खबरों को पेश करना चाहिए। जिससे समाज मे लोंगो के बीच पत्रकार के प्रति विश्वास बना रहे।

मनीष कुमार ने कहा कि जिस तरह से आज पत्रकारिता का पतन होते जा रहा है अगर सभी पत्रकार एक साथ संगठित होकर नही रहेंगे तो पत्रकारिता करना चुनौती पूर्ण होगा। सोनू कुमार ने कहा कि समय की जरूरत है संघ का होना। विपरीत परिस्थिति में एक पत्रकार दूसरे पत्रकार मदद करेंगे।

पत्रकार धर्मेंद्र कुमार ने कहा कि पत्रकारिता में कुछ ऐसे तत्व घुस आएं हैं जो पत्रकारिता की आड़ में अपना उल्लू सीधा करते हैं।अपने स्वार्थ के लिए पत्रकारों को साजिश के तहत उनके संस्थान से हटाने का काम ऐसे लोग कर रहें हैं। उन्होंने कहा कि पत्रकारिता की एक गरिमा होती है हमें उस गरिमा को बनाएं रखना जरूरी है।

पत्रकार संजीत कुमार ने कहा कि संघ के माध्यम से पत्रकारों में संबंध और भाईचारा बनता है। एक दूसरे को जानने का मौका मिलता है।

बैठक को संबोधित करते हुए विनय भूषण पांडेय ने कहा कि आंचलिक पत्रकार की महत्ता और भूमिका से कोई इंकार नहीं कर सकता। भले ही आज पत्रकारों के समक्ष कितनी चुनौती आएं, लेकिन वह उन‌ चुनौतियों का डटकर मुकाबला करता है। समय की जरूरत है संघ का होना।

उन्होंने कहा कि हम पत्रकार समुदाय की एकता चाहते हैं। हम आने वाले पत्रकार पीढ़ियों के लिए नजीर बने, ताकि लोग समझें कि पत्रकारिता किसे कहते हैं। भले ही हम कम हो लेकर जब सब इकठ्ठे हो जाएंगे तो ताकत बन जाएंगे।

बैठक में निर्णय लिया गया कि अनुमंडलीय आंचलिक पत्रकार संघ अन्य सदस्यों के विचार विर्मश के बाद बैठक पर आगे की रणनीति तय की जाएगी।

इस बैठक में सुधीर लाल यादव, विकास कुमार दूबे, अजनबी भारती, धनपत कुमार, कुंदन कुमार सहित अन्य पत्रकार शामिल हुए।

 

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