पगलाया बिहार नगर विकास एवं आवास विभाग, यूं बनाया 2 दिन का सप्ताह

बिहार नगर विकास एवं आवास विभाग दो दिन को एक सप्ताह मानती है। या फिर आम जनता को तकनीकी तौर पर ‘उल्लू’ समझती है और एक बड़े स्कैम को ढंकने की तैयारी में जुट गई है… -:  मुकेश भारतीय  :- राजनामा.कॉम। इस विभाग द्वारा स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) अभियान के तहत […]

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‘इस महापाप में न्यायपालिका, विधायिका, कार्यपालिका, मीडिया,एनजीओ सब शरीक’

राजनामा.कॉम। फिलहाल कशिश न्यूज चैनल से जुड़े जाने-माने टीवी जर्नलिस्ट संतोष सिंह ने मीडिया को पटना हाई कोर्ट से मिले आदेश को लेकर अपने फेसबुक वाल पर जो उद्गार व्यक्त किया है, वह सीधे तौर पर वाक्य और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता से जुड़े मौलिक अधिकार की ओर ध्यान आकृष्ट करता है। […]

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बिना प्रशासनिक सहभागिता संभव नहीं है सोशल मीडिया पर नजर

वेशक आज समाज में सोशल मीडिया के उपयोग और दुरुपयोग के एक से एक खतरनाक आयाम इतनी तेजी से सामने आ रहे हैं कि इस पर नजर रखने और उपद्रवी तत्वों के खिलाफ समय से कार्रवाई करने की जरूरत बढ़ती ही जा रही है। अगर सरकार या प्रशासन सोशल मीडिया पर […]

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एक था ‘अखबारों की नगरी’ मुजफ्फरपुर का ‘ठाकुर’

‘बुलंदी देर तक किस शख्स के हिस्से में रहती है,बहुत उंची ईमारत हर वक्त खतरे में रहती है ’….मुनव्वर राणा की यह पंक्ति ‘मुजफ्फरपुर महापाप’ के मास्टर माइंड कहे जाने वाले ब्रजेश ठाकुर पर सटीक बैठती है। पटना ( जयप्रकाश नवीन)। ब्रजेश ठाकुर कुछ दिन पहले तक ‘अखबारों की नगरी’ मुजफ्फरपुर […]

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आंचलिक पत्रकार संघ और शासन की दाल में फिर दिखा भयादोहन का तड़का

“आज आंचलिक पत्रकारिता के सामने कई गंभीर चुनौतियां है। जिसे कुछ चालबाज बिचौलियों ने कस्बाई स्तर पर संघ-संगठनों ने नाम पर इसे काफी भयानक स्वरुप दे रखा है”। -: मुकेश भारतीय :- आजकल हर जिलों-कस्बों की तरह नालंदा जिले में भी कई कुकुरमुत्ता छाप कथित पत्रकार संगठने उगे दिख रहे हैं। […]

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सुशासन बाबू के जीरो टॉलरेंस का बेड़ा गर्क करते यूं दिखे नालंदा सांसद

“राजगीर मलमास मेला  सैरात भूमि  पर काबिज बड़े अतिक्रमणकारियों को सत्तारुढ़ दल के नेताओं का  खुला संरक्षण प्राप्त है। यही कारण है कि शासकीय तौर पर चिन्हित हो जाने और उसके खिलाफ  एफआईआर दर्ज हो जाने के बाबजूद  स्थानीय पुलिस-प्रशासन  दुम हिलाती नजर आती है। “ राजनामा न्यूज। आज शुक्रवार की शाम […]

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मीडिया-दलाली का कच्चा चिठ्ठा है दैनिक भास्कर रिपोर्टर का यह वायरल ऑडियो

“वेशक पत्रकारिता के गिरते स्तर के सच को दिखाती एक घटना पूरे पत्रकारिता जगत को शर्मसार कर जाती है। देश ने उपेंद्र राय और नीरा राडिया जैसे हाई-प्रोफाइल दलाली के मामले भी देखे है।” राजनामा.कॉम। इन दिनों बिहार के हिंदी दैनिक भास्कर अखबार से जुड़े एक रिपोर्टर की बातचीत की ऑडियो […]

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‘न तू अंधा है, न अपाहिज है, न निकम्मा है तो फिर ऐसा क्यूं’?

-: मुकेश भारतीय :- इसको भाव शून्यता कहिये, चाहे कहिये निर्बलता, नाम कोई भी दे सकते हैं आप मेरी मजबूरी को। कि जंगल-जगल ढूंढ रहा हूं, मृग बनके कस्तूरी को, बड़ा मुश्किल है तय करना, खुद से खुद की दूरी को।। कभी मेरी द्वारा रचित-प्रकाशित कविता के उपरोक्त अंश आज फिर […]

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एसडीओ की अदद चाय से हिलसा अनुमंडल पत्रकार संघ में यूं मचा घमासान

राजनामा न्यूज (मुकेश भारतीय)। मीडिया हाउस कितना भी बड़ा पूंजीगत क्यों न हो, उसकी रीढ़ आंचलिक पत्रकारिता होती है। इसे कोई नजंदाज नहीं कर सकता, लेकिन आज यदि हम देखें तो आंचलिक पत्रकारों के सामने नाना प्रकार के जटिल समस्याएं उठ खड़ी हुई हैं। उन सबमें सबसे जटिल चुनौती है आंचलिक […]

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प्रेस क्लब रांची के नवांतुकों पर अतीत से सीख भविष्य संवारने की बड़ी जिम्मेवारी

राजनामा.कॉम (मुकेश भारतीय)।  आज हम न किसी अखबार का नाम लेगें और न ही किसी पत्रकार का। चाहे वो छोटे-बड़े किसी भी हाउस के मठाधीश हों या संघर्षरत आम मीडियाकर्मी। चुनाव-चुनाव होता है। जो जीता वही सिकंदर। हारने वाले भी कमतर नहीं कहे जा सकते। क्योंकि हर हार के आगे-पीछे दोनों […]

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