वाट्सएप की दो टूकः नहीं कर सकते प्रायवेसी का उल्लंघन

Share Button

माइक्रो सोशल मैसेंजर सर्विस वाट्सएप कंपनी ने निजता संबंधी नियमों के आधार पर सरकार को किसी तरह की सूचना उपलब्ध कराने में असमर्थता जताई है। ऐसे में सरकार को दूसरे विकल्प तलशने होगें….

राजनामा.कॉम। मैसेंजर सर्विस वाट्सएप पर भड़काऊ व गलत तथ्यों के प्रसार पर रोक लगाने के लिए सरकार को दूसरे कड़े उपायों पर विचार करना होगा।

मोबाइल आधारित मैसेंजर सर्विस वाट्सएप ने सरकार को साफ तौर पर बता दिया है कि वह कोई संदेश कहां से उत्पन्न हुआ है, इसका स्नोत बताने में असमर्थ है।

वाट्सएप की तरफ से सरकार को यह सूचना दे दी गई है कि हर मैसेज का स्नेत बताने का मतलब कंपनी की गोपनीयता संबंधी नियमों का उल्लंघन करना होगा।

साथ ही कंपनी की तरफ से पिछले वर्ष ‘एंड टू एंड इनक्रिप्शन’ की जो सुविधा ग्राहकों को दी जाती है इससे उसका भी उल्लंघन होगा। इससे ग्राहकों को गारंटी दी जाती है कि किसी भी तीसरे पक्ष की पहुंच उस तक नहीं होगी।

इस इन्कार के बावजूद वाट्सएप सरकार को एप के जरिए फैलाये जाने वाले दुष्प्रचारों पर रोक लगाने में हरसंभव मदद देने को तैयार है।

इस बारे में वाट्सएप और आइटी मंत्रलय के अधिकारियों के बीच जल्द ही बातचीत होगी ताकि बीच का कोई ऐसा फॉमरूला निकाला जा सके, जिससे इस एप का इस्तेमाल करने वालों की निजता का हनन किये बगैर भी अफवाह फैलाने वाले असमाजिक तत्वों पर लगाम लगाया जा सके।

दो दिन पहले ही सूचना व प्रौद्योगिकी रविशंकर प्रसाद ने वाट्सएप के प्रमुख क्रिस डेनिएल्स से मुलाकात की थी।

प्रसाद ने कहा था कि भारत के डिजिटल क्रांति में वाट्सएप का योगदान दिया है, लेकिन कंपनी को भारत में इस प्लेटफार्म के जरिए गलत संदेश फैला कर अस्थिरता फैलाने वालों पर लगाम लगाना होगा।

Share Button

Related Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.