रांची निर्भया कांड की गुत्थी सुलझाने में राज्य-तंत्र विफल, अब सीबीआई करेगी जांच

Share Button

रांची। समूचे झारखंड प्रदेश की पुलिस व उसकी खुफिया जांच तंत्र के विफल होने के बाद मुख्यमंत्री रघुबर दास ने ओरमांझी के आनंदी स्थित आरटीसी इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी की बीटेक छात्रा हत्याकांड की सीबीआई जांच को मंजूरी दे दी है।  

बता दें कि विगत 16 दिसंबर को बूटी बस्ती में बरकाकाना स्थित सीएमपीडीआइ कॉलोनी की रहनेवाली जया भारती नामक छात्रा की दुष्कर्म के बाद जघन्य हत्या कर दी गई थी। दरिंदों ने हत्या के बाद छात्रा के शव को पलंग के साथ आग भी लगा दी थी। जिससे शव का उपरी हिस्सा बुरी तरह से जल चुका था।

इस लोमहर्षक घटना के बाद समूचे राजधानी में उबाल आ गया और एक तरफ जहां लोग भारी तादात में सड़क पर विरोध प्रदर्शन करने लगे। दूसरी तरफ पुलिस का हर तबका 24-72 घंटों के भीतर घटना की गुत्थी सुलझा लेने का दावा करते रहे। यहीं नहीं सप्ताह भर पहले खुद सीएम रघुबर दास ने डी़जीपी से मुलाकात के बाद स्वंय यह कह कर सनसनी पैदा कर दी कि इस शर्मनाक घटना के पिछे किसी सफेदपोश का हाथ है और एक-दो दिनों के भीतर मामले का खुलासा हो जायेगा। उन्होंने राज्य पुलिस की जांच पर भरोसा जताया था। उन्होंने कहा था कि अच्छे अधिकारी इस कांड के अनुसंधान में लगे हैं। उस दिन छात्रा के माता पिता ने प्रोजेक्ट भवन में  सीएम रघुवर दास से मिल कर पुलिस जांच पर संदेह प्रकट किया था और समूचे घटना की जांच सीबीआइ से कराने की मांग की थी।

बहरहाल, छात्रा के परिजनों, जनप्रतिनिधि व छात्रों की मांग पर सरकार ने सीबीआई से घटना की जांच कराने का निर्णय लिया है।  इस निर्णय के साथ ही यह भी स्पष्ट हो गया है कि इस मामले में समूचा पुलिस महकमा नकारा साबित न हुआ अपितु, वह घटना के बाद से ही सरकार और आवाम को बरगलाते रही।

अगर सीएम को उक्त घटना में किसी सफेदपोश के हाथ होने की पुख्ता जानकारी थी तो फिर कार्रवाई के लिये सीबीआइ की अनुसंशा करना क्या दर्शाती है? सच तो यही है कि इस मामले में राज्य सरकार की सारी पुलिस-जांच एजेंसियां नकारखाने की तूती साबित हुई है।

Share Button

Related Post

Loading...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.