प्रेस फ्रीडम पर ऑनर फ्रीडम हावीः अरुण कुमार

Share Button

arun

प्रेस काउंसिल ऑफ इंडिया के सदस्य अरुण कुमार ने देश में पत्रकारों की आजादी पर लगे अंकुश पर गंभीर चिंता प्रकट की है।

उन्होंने राजनामा.कॉम के साथ सीधी बातचीत में कहा कि आज देश में भारतीय संविधान के तहत पत्रकारों की आजादी को लेकर जिस तरह की बातें सामने आ रही है, दरअसल उसे प्रेस फ्रीडम नहीं कहा जा सकता है। यह एक तरह से मालिकानों का फ्रीडम है।

उन्होंने कहा कि आज एक पत्रकार जो कुछ भी खबरें लेकर मीडिया हाउस लाता है, उसका प्रकाशन मालिकों की इच्छा पर निर्भर करता है। बात चाहे प्रिंट मीडिया की हो या इलेक्ट्रॉनिक मीडिया की, हर जगह एक ही माहौल है।  गंभीर स्थिति का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि अच्छे से अच्छे पत्रकारों को भी मीडिया हाउस के बाहर खड़े गेट गार्ड अपने मासिक के ईशारे पर कभी भी अंदर आने पर रोक लगा देता है, उसे मीडिया हाउस से बाहर का रास्ता दिखा दिया जाता है। अगर कोई पत्रकार हिम्मत जुटा कर माननीय न्यायालय का दरबाजा खटखटाता है, तो उसे कान्ट्रैक्ट बेस के आधार का  पैसा देकर इतिश्री कर दिया जाता है।

उन्होनें स्पष्ट शब्दों में कहा कि प्रेस काउंसिल चाहती है कि देश की मीडिया के हर हिस्से में एक ऐसा माहौल बने, जिसमें एक पत्रकार जो देख रहे हैं, जो महसूस कर रहे हैं, उसे निर्भिकता से लिख सके और वो प्रकाशित-प्रसारित हों।

 

Related Posts Plugin for WordPress, Blogger...

Related Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *